New

डी० एल० एड० ( पूर्व प्रचलित नाम बी० टी० सी० ) प्रशिक्षण- 2016 के लिये ऑनलाइन आवेदन प्रारम्भ, समस्त नियम शर्ते अर्हता आदि को पढ़ते समझते हुए यहां से आवेदन करें

डी० एल० एड० ( पूर्व प्रचलित नाम बी० टी० सी० ) प्रशिक्षण- 2016 परीक्षा नियामक प्राधिकारी, इलाहाबाद, उत्तर प्रदेश STEP 1 आवेदन पत्र भर...

Friday, 16 June 2017

इस बार ड्रेस के साथ जूते-मोजे भीबेसिक शिक्षा मंत्री अनुपमा जायसवाल ने कहा कि नए सत्र के पहले माह जुलाई में ही परिषदीय विद्यालयों के बच्चों को ड्रेस और किताबें

इस बार ड्रेस के साथ जूते-मोजे भी

बेसिक शिक्षा मंत्री अनुपमा जायसवाल ने कहा कि नए सत्र के पहले माह जुलाई में ही परिषदीय विद्यालयों के बच्चों को ड्रेस और किताबें

जासं, इटावा : बेसिक शिक्षा मंत्री अनुपमा जायसवाल ने कहा कि नए सत्र के पहले माह जुलाई में ही परिषदीय विद्यालयों के बच्चों को ड्रेस और किताबें उपलब्ध करा दी जाएंगी। इस बार ड्रेस के साथ जूते-मोजे भी दिए जाएंगे। ड्रेस का रंग भी बदला जा रहा है। कहा कि सरकारी विद्यालयों की दशा और दिशा बदलेगी। हाईकोर्ट का आदेश है कि अधिकारियों और नेताओं के बच्चे भी सरकारी प्राथमिक स्कूल में पढ़ें, पर मंत्री ने कहा कि पहले विद्यालयों के माहौल में सुधार लाना प्राथमिकता है।

मंत्री ने कहा कि शिक्षकों को पढ़ाने के लिए स्कूल जाना ही होगा और छुट्टी होने तक रहना होगा। ऐसा अब नहीं चलेगा कि रामलाल की जगह श्यामलाल पढ़ाते हुए मिलें। उधर, जूते-मोजे की आपूर्ति करने वाली फर्म के चयन के लिए जारी किया गया टेंडर रद कर दिया गया है।

बेसिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड के गठन से सरकार ने मुंह फेरा

लखनऊ : परिषदीय स्कूलों के शिक्षकों की भर्ती के लिए उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड के गठन से भाजपा की योगी सरकार ने मुंह फेर लिया है। दरअसल परिषदीय स्कूलों में 65597 शिक्षक सरप्लस हैं जबकि बच्चों की संख्या घट रही है। विस्तृत पेज13।सम्मेलन में बोलतीं अनुपमा जायसवाल।

इंप्रूवमेंट/कंपार्टमेंट परीक्षा के लिए 19 से करें आवेदन

इलाहाबाद : यूपी बोर्ड की दसवीं परीक्षा 2017 में एक व दो विषयों में अनुत्तीर्ण परीक्षार्थियों को सफल होने के लिए एक और इम्तिहान का मौका मिल रहा है। इंप्रूवमेंट/कंपार्टमेंट परीक्षा के लिए 19 जून से ऑनलाइन आवेदन लिए जाएंगे। विस्तृत पेज08।

नौ से 12 तक की किताबें खुले बाजार के हवाले

इलाहाबाद : चुनिंदा प्रकाशक अब यूपी बोर्ड की किताबों का प्रकाशन नहीं कर सकेंगे। बोर्ड से मान्यता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में कक्षा नौ से 12 तक की किताबें मुहैया कराने का जिम्मा पहली बार खुले बाजार को सौंपा गया है। विस्तृत पेज09

Blog Archive

Blogroll

Recommended Posts × +